अजित पवार विमान हादसा: संजय राउत का बड़ा दावा, बोले– पर्दे के पीछे रची गई साजिश
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार की विमान हादसे में हुई मौत को लेकर सियासी तूफान खड़ा हो गया है। जहां इसे आधिकारिक तौर पर खराब मौसम और कम विजिबिलिटी से जुड़ा हादसा बताया जा रहा है, वहीं विपक्षी नेताओं के बयान इस घटना को संदेह के घेरे में ला रहे हैं। शिवसेना (UBT) सांसद संजय राउत ने इसे जस्टिस लोया मामले से जोड़ते हुए कहा कि अजित पवार जैसे कद्दावर नेता की इस तरह मौत पर सवाल उठना स्वाभाविक है और यह किसी साधारण दुर्घटना का मामला नहीं लगता।
संजय राउत ने दावा किया कि अजित पवार ने हाल ही में दोनों एनसीपी के विलय यानी ‘घर वापसी’ की इच्छा जताई थी, जिसके बाद उन्हें कथित तौर पर सिंचाई घोटाले की फाइलों को लेकर भाजपा की ओर से धमकाया गया। राउत के मुताबिक, इन घटनाओं के महज दस दिन के भीतर अजित पवार की रहस्यमयी मौत कई गंभीर सवाल खड़े करती है। उन्होंने कहा कि खुद अजित पवार की पार्टी के लोग इस हादसे पर संदेह जता रहे हैं और पर्दे के पीछे कुछ न कुछ जरूर हुआ है।
वहीं एनसीपी (अजित पवार) विधायक अमोल मिटकरी ने भी हादसे की परिस्थितियों पर सवाल उठाते हुए सीबीआई जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि जब हादसे में शव बुरी तरह जल गए, तो विमान में मौजूद कागजात कैसे सुरक्षित रहे। साथ ही उन्होंने यह सवाल भी उठाया कि विमान में छह लोग सवार बताए गए, लेकिन मौके से सिर्फ पांच शव क्यों मिले। उधर, शरद पवार गुट के नेता अनिल देशमुख ने भी कम विजिबिलिटी के तर्क पर संदेह जताते हुए कहा कि ब्लैक बॉक्स से ही सच्चाई सामने आ पाएगी।